बांग्लादेश से जनसंख्या असंतुलन और समान नागरिक संहिता तक: हिंदुओं और धुरंधर को लेकर क्या बोले संघ प्रमुख मोहन भागवत?

बांग्लादेश से जनसंख्या असंतुलन और समान नागरिक संहिता तक: हिंदुओं और धुरंधर को लेकर क्या बोले संघ प्रमुख मोहन भागवत?

Published at : 2026-02-08 18:35:10
मोहन भागवत ने मुंबई में संघ के शताब्दी समारोह में समान नागरिक संहिता को देश की एकता के लिए अच्छा बताया, पर सहमति पर जोर दिया। उन्होंने संघ में जातिगत भेदभाव न होने, आरक्षण जारी रखने और जनसंख्या असंतुलन पर चिंता व्यक्त की। भागवत ने घुसपैठ रोकने, मतांतरण बंद करने और 'घर वापसी' का समर्थन किया। उन्होंने 2047 तक अखंड भारत का सपना देखने और सावरकर को भारत रत्न देने की बात कही।